Dehradun Waterlogging: DM Orders 24-Hour Dewatering in Seema Dwar

सीमाद्वार में जलभराव पर डीएम सख्त, 24 घंटे में सफाई और डिवाटरिंग के निर्देश
स्थायी समाधान के लिए ड्रेनेज सिस्टम की डीपीआर तैयार होगी, सीमाद्वार में ही तैनात रहेंगे पटवारी
न्यूकैंट रोड पर अवैध पार्किंग और अतिक्रमण पर कार्रवाई, मौके पर कटे दर्जनों चालान
सड़क चौड़ीकरण के लिए लोनिवि को विस्तृत सर्वे के निर्देश
देहरादून, 18 अगस्त 2026।
लगातार हो रही बारिश के चलते देहरादून शहर के विभिन्न क्षेत्रों में जलभराव और यातायात संबंधी समस्याओं को लेकर जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने मंगलवार को आईटीबीपी रोड और सीमाद्वार क्षेत्र का औचक निरीक्षण कर जलभराव की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने मौके पर स्थानीय लोगों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं और संबंधित विभागों के अधिकारियों को तत्काल राहत के साथ-साथ स्थायी समाधान की दिशा में समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान क्षेत्रीय विधायक सविता कपूर भी मौजूद रहीं।
24 घंटे में नालियों की सफाई और डिवाटरिंग के निर्देश
सीमाद्वार क्षेत्र में जलभराव की स्थिति का निरीक्षण करते हुए जिलाधिकारी ने नगर निगम अधिकारियों को निर्देश दिए कि सड़क किनारे स्थित नालियों में जमा मलबे, कूड़े और अन्य अवरोधों को 24 घंटे के भीतर हटाया जाए। उन्होंने जलभराव वाले स्थानों पर डिवाटरिंग पंप लगाकर पानी की तत्काल निकासी सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग को सड़क पर आवागमन सुचारू बनाए रखने तथा जलभराव के कारण उत्पन्न बाधाओं को तत्काल दूर करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि बारिश के दौरान जलभराव के कारण आमजन को अनावश्यक परेशानी नहीं होनी चाहिए और विभागीय अधिकारी मौके पर रहकर कार्रवाई सुनिश्चित करें।
सीमाद्वार में ही रहेंगे पटवारी, होगी लगातार मॉनिटरिंग
डीएम ने निर्देश दिए कि जब तक सीमाद्वार क्षेत्र में जलभराव की समस्या का प्रभावी तत्कालिक समाधान नहीं हो जाता, तब तक संबंधित पटवारी सीमाद्वार क्षेत्र में ही रहकर स्थिति की लगातार निगरानी करेंगे। पटवारी डिवाटरिंग कार्यों की प्रगति पर नजर रखने के साथ स्थानीय स्तर पर सामने आने वाली छोटी समस्याओं का भी तत्काल निस्तारण सुनिश्चित करेंगे।
जिलाधिकारी ने जलभराव की त्वरित समस्या के समाधान के लिए मौके पर ही आवश्यक बजट की स्वीकृति प्रदान की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि राहत एवं जलनिकासी से जुड़े कार्यों में किसी प्रकार की देरी न हो।
स्थायी जलनिकासी व्यवस्था के लिए तैयार होगी डीपीआर
जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने कहा कि सीमाद्वार क्षेत्र में जलभराव की समस्या का केवल अस्थायी समाधान पर्याप्त नहीं है। बरसात के दौरान बार-बार उत्पन्न होने वाली समस्या को देखते हुए क्षेत्र में स्थायी ड्रेनेज व्यवस्था विकसित करना आवश्यक है।
उन्होंने लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता को क्षेत्र की जलनिकासी व्यवस्था का विस्तृत सर्वे कराने तथा जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए ड्रेनेज सिस्टम की डीपीआर तैयार करने के निर्देश दिए। डीएम ने कहा कि प्रस्तावित कार्ययोजना केवल कागजों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि स्वीकृति के बाद उसके तेजी से क्रियान्वयन की भी जिम्मेदारी संबंधित अधिकारियों की होगी।
उन्होंने स्थानीय लोगों को भरोसा दिलाया कि जिला प्रशासन जलभराव की समस्या की नियमित निगरानी कर रहा है और स्थायी समाधान को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनसमस्याओं के निस्तारण में किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
न्यूकैंट रोड पर अवैध पार्किंग और अतिक्रमण पर सख्त कार्रवाई
सीमाद्वार के निरीक्षण से पहले जिलाधिकारी ने न्यूकैंट रोड पर यातायात व्यवस्था का भी औचक निरीक्षण किया। सेंट्रियो मॉल क्षेत्र में सड़क के दोनों ओर अवैध रूप से खड़े चौपहिया और दोपहिया वाहनों को देखकर उन्होंने नाराजगी जताई।
डीएम के निर्देश पर पुलिस अधिकारियों ने सड़क किनारे अवैध रूप से पार्क किए गए वाहनों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई करते हुए मौके पर दर्जनों चालान किए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि सड़क पर अवैध पार्किंग के कारण यातायात बाधित करने वालों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने सड़क किनारे संचालित अवैध फड़-फेरी और अस्थायी दुकानों को भी तत्काल हटाने के निर्देश दिए। साथ ही संबंधित विभाग को न्यूकैंट रोड पर स्पष्ट नो-पार्किंग संकेतक बोर्ड लगाने को कहा, ताकि वाहन चालकों को पार्किंग प्रतिबंध की जानकारी स्पष्ट रूप से मिल सके और यातायात व्यवस्था प्रभावित न हो।
न्यूकैंट रोड चौड़ीकरण के लिए तत्काल सर्वे
न्यूकैंट रोड पर बढ़ते यातायात दबाव को देखते हुए जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता को सड़क के चौड़ीकरण के लिए विस्तृत सर्वे कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि सड़क चौड़ीकरण में बाधक पुलिस चेकपोस्ट और अन्य संरचनाओं को आवश्यकतानुसार स्थानांतरित करने की कार्रवाई की जाए। डीएम ने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय से कार्य करते हुए न्यूकैंट क्षेत्र की यातायात समस्या के स्थायी समाधान की दिशा में ठोस कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को स्पष्ट चेतावनी दी कि सड़क पर अतिक्रमण, अवैध पार्किंग अथवा यातायात व्यवस्था में किसी भी प्रकार की बाधा स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने संबंधित विभागों को अभियान चलाकर कार्रवाई करने और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान उप जिलाधिकारी सदर अपूर्वा सिंह, अधीक्षण अभियंता लोनिवि ओपी सिंह, तहसीलदार सुरेंद्र देव सहित पुलिस, नगर निगम, लोक निर्माण विभाग एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।





