Raksha Bandhan: CM Dhami Highlights Women’s Empowerment in Uttarakhand
मुख्यमंत्री को प्रदेशभर से आई बहनों ने बांधा रक्षा सूत्र, मातृशक्ति के सशक्तीकरण को बताया सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता
देहरादून। रक्षा बंधन के पावन पर्व पर बुधवार को प्रदेशभर से आई बहनों ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को मुख्यमंत्री कैम्प कार्यालय स्थित मुख्य सेवक सदन में रक्षा सूत्र बांधा और उनके स्वस्थ एवं दीर्घायु जीवन की कामना की। मुख्यमंत्री ने बहनों का आत्मीय स्वागत करते हुए उनके स्नेह और आशीर्वाद के लिए आभार व्यक्त किया तथा प्रदेशवासियों को रक्षा बंधन की शुभकामनाएं दीं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि रक्षा बंधन भाई-बहन के स्नेह, विश्वास और एक-दूसरे की सुरक्षा के संकल्प का पवित्र पर्व है। प्रदेश की मातृशक्ति और बहनों का स्नेह एवं आशीर्वाद उन्हें उत्तराखण्ड की सेवा तथा राज्य के विकास के लिए निरंतर नई ऊर्जा प्रदान करता है। उन्होंने कहा कि महिलाएं परिवार की मजबूत आधारशिला होने के साथ-साथ समाज और राष्ट्र के विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
महिला सम्मान और आर्थिक सशक्तीकरण पर केंद्र सरकार का विशेष जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा, शिक्षा और आर्थिक सशक्तीकरण को प्राथमिकता दी है। महिलाओं को लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में 33 प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान, प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना, लखपति दीदी अभियान, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना तथा बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ जैसी पहल महिलाओं और बेटियों के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही हैं।
उन्होंने कहा कि इन योजनाओं का लाभ अब धरातल पर दिखाई दे रहा है और महिलाओं के लिए रोजगार, स्वरोजगार तथा आर्थिक आत्मनिर्भरता के नए अवसर तैयार हुए हैं।
उत्तराखण्ड में महिलाओं को 30 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार भी मातृशक्ति के कल्याण, सम्मान और स्वावलंबन के लिए लगातार कार्य कर रही है। राज्य सरकार की सेवाओं में महिलाओं को 30 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण दिया जा रहा है। सरकार का प्रयास है कि महिलाओं को केवल योजनाओं का लाभार्थी बनाने के बजाय उन्हें आत्मनिर्भर बनाकर विकास की मुख्यधारा में सक्रिय भागीदार बनाया जाए।
उन्होंने कहा कि महिला सशक्तीकरण के साथ-साथ उनके आर्थिक सशक्तीकरण पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, ताकि महिलाएं अपने परिवार की आय बढ़ाने के साथ प्रदेश की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती प्रदान कर सकें।
उत्तराखण्ड में 3.09 लाख से अधिक महिलाएं बनीं लखपति दीदी
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की लखपति दीदी की परिकल्पना को उत्तराखण्ड में तेजी से धरातल पर उतारा जा रहा है। प्रदेश में अब तक 3 लाख 09 हजार से अधिक महिलाएं लखपति दीदी बन चुकी हैं।
उन्होंने कहा कि स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाएं स्थानीय उत्पादों, कृषि, हस्तशिल्प, हस्तकला और विभिन्न स्वरोजगार गतिविधियों के माध्यम से अपनी आजीविका को मजबूत कर रही हैं। इससे महिलाओं की आर्थिक स्थिति बेहतर होने के साथ-साथ स्थानीय अर्थव्यवस्था और ग्रामीण बाजारों को भी मजबूती मिल रही है।
स्वयं सहायता समूहों को बाजार और स्वरोजगार के अवसर
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार मुख्यमंत्री सशक्त बहना उत्सव योजना, मुख्यमंत्री महिला स्वयं सहायता समूह सशक्तीकरण योजना और मुख्यमंत्री महालक्ष्मी योजना सहित विभिन्न योजनाओं के माध्यम से महिलाओं को स्वरोजगार और आजीविका के नए अवसर उपलब्ध करा रही है।
उन्होंने कहा कि महिला स्वयं सहायता समूहों द्वारा तैयार स्थानीय उत्पादों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराने, उनकी ब्रांडिंग और बिक्री बढ़ाने तथा महिलाओं की आय में वृद्धि के लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है। स्थानीय उत्पादों को प्रोत्साहन देने से महिला समूहों को आर्थिक रूप से मजबूत करने के साथ-साथ उत्तराखण्ड की पारंपरिक कला, हस्तशिल्प और स्थानीय उत्पादों को भी नई पहचान मिल रही है।
राज्य निर्माण से विकास तक मातृशक्ति की महत्वपूर्ण भूमिका
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड की मातृशक्ति ने राज्य निर्माण के आंदोलन से लेकर राज्य के विकास तक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। आज प्रदेश की महिलाएं शिक्षा, स्वास्थ्य, प्रशासन, कृषि, स्वरोजगार, उद्यमिता और सामाजिक क्षेत्र सहित विभिन्न क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा और क्षमता का परिचय दे रही हैं।
उन्होंने कहा कि महिलाओं की बढ़ती भागीदारी उत्तराखण्ड के समग्र विकास की मजबूत आधारशिला है। मातृशक्ति को आगे बढ़ने के समान अवसर उपलब्ध कराकर ही सशक्त उत्तराखण्ड और विकसित भारत के संकल्प को साकार किया जा सकता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा, स्वावलंबन और आर्थिक सशक्तीकरण के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। सरकार की प्राथमिकता है कि प्रदेश की प्रत्येक महिला आत्मनिर्भर बने और विकास की प्रक्रिया में निर्णायक भागीदारी निभाए।
इस अवसर पर गीता पुष्कर धामी, विधायक सविता कपूर, विधायक आशा नौटियाल, भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष रुचि भट्ट सहित प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से आई मातृशक्ति उपस्थित रही।





