Dehradun Road Safety: 58 Signs, 92 Roads Under Safety Drive
आशारोड़ी टनल से मोहब्बेवाला तक सड़क सुरक्षा मजबूत, 58 साइन बोर्ड समेत 3,000 मीटर से अधिक सुरक्षा उपाय
Dehradun DM orders stronger road safety measures, 58 signboards and 3,000+ metres of safety works in Asharodi; 92 roads to be inspected.
दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में जागरूकता साइनेज और सुरक्षा उपाय बढ़ाने के निर्देश, खराब स्ट्रीट व ट्रैफिक लाइट तत्काल दुरुस्त करने को कहा
मसूरी में रेस ड्राइविंग पर प्रभावी कार्रवाई के निर्देश, नगर निगम क्षेत्र की 92 सड़कों को गड्ढामुक्त करने के लिए 46 अधिकारियों की तैनाती

देहरादून, 29 सितंबर 2026। जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान की अध्यक्षता में मंगलवार को ऋषिपर्णा सभागार, कलेक्ट्रेट में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम, दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था, सड़क सुरक्षा साइनेज, खराब स्ट्रीट एवं ट्रैफिक लाइटों की मरम्मत, मसूरी में रेस ड्राइविंग पर नियंत्रण तथा मानसून के दौरान क्षतिग्रस्त सड़कों और गड्ढों की मरम्मत सहित विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों की समीक्षा की गई।
दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में लगेंगे प्रभावी सुरक्षा साइनेज
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनपद में दुर्घटना संभावित और संवेदनशील क्षेत्रों को चिन्हित कर वहां पर्याप्त संख्या में स्पष्ट एवं प्रभावी जागरूकता साइनेज स्थापित किए जाएं। इन साइनेज के माध्यम से वाहन चालकों को संभावित खतरे और सड़क की संवेदनशीलता के बारे में समय रहते जानकारी मिल सकेगी।
उन्होंने विशेष रूप से आशारोड़ी टनल के आसपास सहित अन्य दुर्घटना संभावित स्थानों पर सड़क सुरक्षा के आवश्यक उपाय प्राथमिकता से लागू करने के निर्देश दिए।
सड़क सुरक्षा के दृष्टिगत आशारोड़ी क्षेत्र में अब तक 58 साइन बोर्ड, 485 मीटर रंबल स्ट्रिप्स, 1,880 मीटर मीडियन मार्कर और 500 मीटर सोलर स्टड्स स्थापित किए जा चुके हैं। इस तरह क्षेत्र में 3,000 मीटर से अधिक लंबाई में विभिन्न सड़क सुरक्षा उपाय किए गए हैं।
खराब स्ट्रीट और ट्रैफिक लाइट तत्काल दुरुस्त हों
जिलाधिकारी ने नगर क्षेत्र में खराब पड़ी स्ट्रीट लाइट और ट्रैफिक लाइटों का भी संज्ञान लिया। उन्होंने स्मार्ट सिटी के माध्यम से खराब लाइटों का तत्काल मेंटिनेंस कराकर उन्हें ऑपरेशनल करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा के लिए पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था बेहद महत्वपूर्ण है। विशेष रूप से रात के समय वाहन चालकों और पैदल यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए खराब स्ट्रीट एवं ट्रैफिक लाइटों की मरम्मत और नियमित रखरखाव में किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए।
मसूरी में रेस ड्राइविंग पर प्रभावी कार्रवाई के निर्देश
बैठक में मसूरी क्षेत्र में रेस ड्राइविंग की घटनाओं पर भी चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को सड़क सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ नियमानुसार प्रभावी प्रवर्तन कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
उन्होंने संवेदनशील और अधिक यातायात वाले मार्गों पर निगरानी एवं प्रवर्तन व्यवस्था मजबूत करने को कहा, ताकि तेज गति और रेस ड्राइविंग जैसी गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सके।

92 सड़कों की स्थिति जांचेंगे 46 जिला स्तरीय अधिकारी
मानसून और निर्माण कार्यों के कारण नगर निगम देहरादून क्षेत्र की विभिन्न प्रमुख सड़कों पर हुए नुकसान तथा गड्ढों की समस्या को देखते हुए जिलाधिकारी ने 92 सड़कों के निरीक्षण के लिए 46 जिला स्तरीय अधिकारियों की तैनाती की है।
नामित अधिकारी अपने-अपने आवंटित मार्गों का स्थलीय निरीक्षण कर सड़कों पर मौजूद गड्ढों, क्षतिग्रस्त हिस्सों और आवश्यक मरम्मत एवं सुधारात्मक कार्यों को चिन्हित करेंगे। निरीक्षण के दौरान सड़क की स्थिति की फोटो सहित विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जाएगी।
यह रिपोर्ट संबंधित सड़क विभाग एवं कार्यदायी संस्था को आवश्यक मरम्मत और सुधारात्मक कार्रवाई के लिए उपलब्ध कराई जाएगी। जिलाधिकारी ने सभी नामित अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे निर्धारित अवधि में अपने-अपने मार्गों का स्थलीय निरीक्षण पूरा कर दो दिवस के भीतर रिपोर्ट जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, देहरादून को अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराएं।
उन्होंने कहा कि रिपोर्ट में सड़क की वास्तविक स्थिति, चिन्हित गड्ढों और क्षतिग्रस्त हिस्सों की स्पष्ट जानकारी फोटो सहित उपलब्ध कराई जाए, ताकि संबंधित विभाग समयबद्ध तरीके से आवश्यक कार्रवाई कर सकें।
सुरक्षित सड़क संरचना भी सड़क सुरक्षा का अहम हिस्सा
जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल यातायात नियमों के पालन तक सीमित नहीं है। सुरक्षित सड़क संरचना, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, स्पष्ट एवं प्रभावी साइनेज, निगरानी, प्रवर्तन और समयबद्ध मरम्मत भी सड़क सुरक्षा व्यवस्था के महत्वपूर्ण घटक हैं।
उन्होंने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ सड़क सुरक्षा से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के निर्देश दिए।
बैठक में अपर जिलाधिकारी प्रशासन स्मृता परमार, उप जिलाधिकारी मुख्यालय रविन्द्र ज्वांठा, पुलिस मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. मनोज कुमार शर्मा, क्षेत्राधिकारी यातायात, अधीक्षण अभियंता लोनिवि ओमपाल सिंह, संभागीय परिवहन अधिकारी अनिता चमोला, अधिशासी अभियंता लोनिवि दीपक यादव एवं भृगु द्विवेदी, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी ऋषभ कुमार सहित एनएच, एनएचएआई एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।






