Dehradun public grievances: जन समाधान दिवस में 150 से अधिक शिकायतें, डीएम ने अवैध फैक्ट्री सील करने और जांच के दिए निर्देश

0
5

Dehradun DM Orders Probe into Illegal Factory & Encroachment

अतिक्रमण, अवैध फैक्ट्री और आपदा कार्यों में अनियमितता पर डीएम सख्त, अधिकारियों को दिए जांच के निर्देश

जन समाधान दिवस में 150 से अधिक शिकायतें प्राप्त, डीएम ने समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के दिए निर्देश

पापड़ियांन में आपदा मद के कार्यों में कथित अनियमितता की जांच के आदेश, 7 दिन में रिपोर्ट तलब

आबादी के बीच संचालित अवैध हैवी वेल्डिंग फैक्ट्री होगी सील, सरकारी भूमि पर अतिक्रमण और चार मंजिला निर्माण की भी होगी जांच

देहरादून, 17 अगस्त 2026। प्रत्येक सोमवार की भांति कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान की अध्यक्षता में जन समाधान दिवस आयोजित किया गया। जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे नागरिकों ने अपनी समस्याएं एवं शिकायतें जिलाधिकारी के समक्ष रखीं। जन समाधान दिवस में 150 से अधिक शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें कई मामलों का मौके पर ही निस्तारण किया गया।

जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जन शिकायतों का निस्तारण केवल औपचारिकता तक सीमित न रहे, बल्कि प्रत्येक शिकायत की वास्तविक समस्या का समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने अधिकारियों से शिकायतों पर प्राथमिकता, संवेदनशीलता, पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ कार्रवाई करने तथा शिकायतकर्ता को भी की गई कार्रवाई से अवगत कराने के निर्देश दिए।

पापड़ियांन में आपदा कार्यों की जांच के आदेश

तहसील विकासनगर के ग्राम पंचायत पापड़ियांन में वर्ष 2023 से 2026 के बीच आपदा मद से कराए गए कार्यों में कथित फर्जीवाड़े एवं अनियमितता की शिकायत को जिलाधिकारी ने गंभीरता से लिया। उन्होंने जिला विकास अधिकारी एवं जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी को संयुक्त रूप से जांच करने के निर्देश दिए।

डीएम ने दोनों अधिकारियों को उपलब्ध अभिलेखों, स्वीकृत कार्यों, मौके पर कराए गए निर्माण एवं संबंधित मद में हुए व्यय का विस्तृत परीक्षण करते हुए 7 दिन के भीतर तथ्यात्मक जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच में किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

गांव के बीच संचालित अवैध हैवी वेल्डिंग फैक्ट्री होगी सील

ग्राम झीवरहेड़ी, विकासनगर में आबादी के बीच कथित रूप से अवैध तरीके से हैवी वेल्डिंग मशीनें लगाकर फैक्ट्री संचालित किए जाने की शिकायत पर जिलाधिकारी ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।

डीएम ने उप जिलाधिकारी विकासनगर एवं महाप्रबंधक, जिला उद्योग केंद्र को संबंधित फैक्ट्री को तत्काल सील करने के निर्देश दिए। पूर्व में जिला उद्योग केंद्र द्वारा किए गए निरीक्षण में यह तथ्य सामने आया था कि संबंधित स्थल औद्योगिक उपयोग के लिए वर्गीकृत नहीं है। इसके अलावा फैक्ट्री संचालन के लिए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड एवं अग्निशमन विभाग की आवश्यक एनओसी भी प्राप्त नहीं की गई थी।

जिलाधिकारी ने आवश्यक अनुमतियों के अभाव और सुरक्षा मानकों के उल्लंघन के बावजूद फैक्ट्री संचालन की शिकायत पर अपेक्षित कार्रवाई न किए जाने को गंभीरता से लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को नियमानुसार तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

सरकारी भूमि पर अतिक्रमण और चार मंजिला निर्माण की होगी जांच

नगर निगम एवं ग्राम समाज की सरकारी भूमि पर कथित अवैध अतिक्रमण एवं निर्माण की शिकायत पर जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारी सदर एवं तहसीलदार सदर को जांच के निर्देश दिए।

शिकायत में सरकारी भूमि पर अतिक्रमण के साथ ही चार मंजिला मकान के निर्माण का आरोप लगाया गया है। डीएम ने अधिकारियों को मौके का स्थलीय निरीक्षण करने, भूमि से संबंधित राजस्व अभिलेखों तथा निर्माण से जुड़े दस्तावेजों की जांच करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यदि अतिक्रमण अथवा अवैध निर्माण की पुष्टि होती है तो नियमानुसार कार्रवाई करते हुए रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए।

पैतृक भूमि पर कब्जे के प्रयास की शिकायत पर पुलिस को कार्रवाई के निर्देश

मिहूवाला निवासी मोहम्मद शाहिद राव, खुर्शीदा बेगम एवं इकराम ने अपनी पैतृक भूमि पर भूमाफियाओं द्वारा मारपीट कर कब्जा करने के प्रयास की शिकायत जिलाधिकारी के समक्ष रखी।

डीएम ने मामले का संज्ञान लेते हुए पुलिस विभाग को शिकायत की तथ्यात्मक जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कानून-व्यवस्था बनाए रखने तथा शिकायतकर्ता की सुरक्षा एवं शिकायत के तथ्यों की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने को कहा।

कृत्रिम अंग के लिए आर्थिक सहायता का मामला भी लिया संज्ञान में

शिकायतकर्ता सूर्य प्रकाश ने दोनों पैरों में कृत्रिम अंग लगवाने के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने का अनुरोध किया। जिलाधिकारी ने मामले का तत्काल संज्ञान लेते हुए जिला समाज कल्याण अधिकारी को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

उन्होंने संबंधित अधिकारी को नियमानुसार पात्रता एवं प्रकरण का परीक्षण करते हुए 15 दिन के भीतर सहायता उपलब्ध कराने की कार्रवाई सुनिश्चित करने तथा की गई कार्रवाई से शिकायतकर्ता को अवगत कराने के निर्देश दिए।

विशेष बच्चे को आवासीय देखभाल गृह में प्रवेश न देने की शिकायत पर जांच

विशेष बच्चे प्रिंस अग्रवाल के लतिका राय फाउंडेशन में प्रवेश से संबंधित शिकायत पर भी जिलाधिकारी ने गंभीरता से संज्ञान लिया। बच्चे के पिता एवं एकमात्र अभिभावक ने बताया कि फाउंडेशन में प्री-एडमिशन प्रक्रिया पूरी होने के बावजूद प्रवेश प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ाई गई और बार-बार अनुरोध के बावजूद मामले का समाधान नहीं हो सका।

शिकायतकर्ता ने जिलाधिकारी से मामले में हस्तक्षेप कर बच्चे के हित में आवश्यक कार्रवाई का अनुरोध किया।

डीएम ने जिला समाज कल्याण अधिकारी एवं जिला प्रोबेशन अधिकारी को संयुक्त रूप से मामले की जांच कर 7 दिन के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मामले के सभी तथ्यों की निष्पक्ष जांच की जाए और बच्चे के हित, देखभाल तथा उसके सर्वांगीण विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

शिकायतों के निस्तारण में गुणवत्ता और जवाबदेही पर जोर

जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जन समाधान दिवस में प्राप्त शिकायतों का निस्तारण निर्धारित समयसीमा के भीतर किया जाए। उन्होंने कहा कि शिकायतकर्ता को केवल कागजी कार्रवाई की जानकारी देने के बजाय उसकी वास्तविक समस्या के समाधान पर ध्यान दिया जाए।

उन्होंने अधिकारियों को समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण एवं पारदर्शी निस्तारण सुनिश्चित करने तथा प्रत्येक प्रकरण में की गई कार्रवाई का रिकॉर्ड रखने के निर्देश दिए।

जन समाधान दिवस में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व के.के. मिश्रा, अपर जिलाधिकारी प्रशासन स्मृता परमार, मुख्य शिक्षा अधिकारी श्री जायसवाल, अपर पुलिस अधीक्षक, जिला विकास अधिकारी सुनील कुमार, जिला कार्यक्रम अधिकारी बाल विकास जितेंद्र कुमार सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।