देहरादून ट्रैफिक सुधार पर डीएम सख्त, माइक्रो लेवल मोबिलिटी प्लान तैयार करने के निर्देश

0
6

Dehradun DM Orders Micro-Level Mobility Plan, Speeds Up Traffic & Parking Projects

यातायात सुधार एवं पार्किंग व्यवस्था पर डीएम सख्त, माइक्रो लेवल मोबिलिटी प्लान के साथ समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश

शहर में सुगम, सुरक्षित और आधुनिक यातायात व्यवस्था के लिए सभी विभागों को समन्वित कार्ययोजना बनाने के निर्देश, इंदिरा मार्केट मल्टीलेवल पार्किंग की धीमी प्रगति पर जताई नाराजगी

देहरादून, 10 जुलाई 2026। देहरादून शहर में लगातार बढ़ते यातायात दबाव, पार्किंग की समस्या और जाम से निजात दिलाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने मोबिलिटी प्लान के अंतर्गत संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ विस्तृत समीक्षा बैठक की। बैठक में शहर की यातायात व्यवस्था को अधिक सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए विभिन्न परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को माइक्रो लेवल प्लान तैयार कर समयबद्ध तरीके से कार्यों को धरातल पर उतारने के निर्देश दिए।

बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि देहरादून तेजी से विकसित हो रहा शहर है, ऐसे में भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए यातायात प्रबंधन की दीर्घकालिक रणनीति तैयार करना आवश्यक है। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी विभाग आपसी समन्वय स्थापित करते हुए सड़कों, प्रमुख चौराहों, जंक्शनों एवं पार्किंग स्थलों के विकास के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार करें, ताकि शहर में जाम की समस्या को स्थायी रूप से कम किया जा सके।

जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग को निर्देशित किया कि शहर के प्रमुख चौराहों एवं जंक्शनों का वैज्ञानिक तरीके से पुनर्विकास किया जाए। यातायात के बढ़ते दबाव को देखते हुए आवश्यकतानुसार सड़क चौड़ीकरण, जंक्शन इम्प्रूवमेंट, संकेतक व्यवस्था, सौंदर्यीकरण एवं ट्रैफिक फ्लो को बेहतर बनाने के लिए विस्तृत माइक्रो लेवल प्लान तैयार किया जाए।

उन्होंने कहा कि यातायात प्रबंधन केवल सड़क निर्माण तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि प्रत्येक परियोजना में सुरक्षा, सुविधा और भविष्य की आवश्यकताओं को भी शामिल किया जाए।

आढ़त बाजार क्षेत्र में यातायात सुधार को प्राथमिकता

बैठक में आढ़त बाजार क्षेत्र की यातायात व्यवस्था, सड़क सुधार कार्य, मंडी शिफ्टिंग और वहां होने वाले जाम की समस्या पर विशेष चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि आढ़त बाजार में आवश्यक सुधारात्मक कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए, जिससे व्यापारिक गतिविधियां प्रभावित हुए बिना यातायात सुचारू रूप से संचालित हो सके।

इंदिरा मार्केट मल्टीलेवल पार्किंग की धीमी प्रगति पर नाराजगी

बैठक के दौरान इंदिरा मार्केट में निर्माणाधीन मल्टीलेवल कार पार्किंग परियोजना की समीक्षा करते हुए अधिकारियों ने बताया कि यहां लगभग 1050 वाहनों की क्षमता वाली आधुनिक पार्किंग विकसित की जा रही है।

परियोजना की धीमी प्रगति पर जिलाधिकारी ने कड़ा असंतोष व्यक्त करते हुए एमडीडीए अधिकारियों को निर्देश दिए कि कार्यदायी संस्था के साथ तत्काल बैठक कर निर्माण कार्य में आ रही बाधाओं का समाधान किया जाए तथा विस्तृत प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि शहर की पार्किंग समस्या के समाधान में इस परियोजना की महत्वपूर्ण भूमिका है, इसलिए निर्माण कार्य में किसी भी प्रकार की अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं की जाएगी।

पार्किंग स्थलों की होगी नियमित मॉनिटरिंग

जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि शहर में विकसित पार्किंग स्थलों की उपयोगिता बढ़ाने के लिए नियमित मॉनिटरिंग व्यवस्था विकसित की जाए। पार्किंग की वास्तविक उपलब्धता, वाहनों के उपयोग और संचालन की प्रभावी निगरानी सुनिश्चित की जाए, ताकि सड़क किनारे अनियोजित पार्किंग कम हो और यातायात सुचारू बना रहे।

बैठक में परेड ग्राउंड पार्किंग, रामराय पार्किंग सहित अन्य पार्किंग परियोजनाओं की भी समीक्षा की गई तथा इनके प्रभावी संचालन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम के तहत यातायात सुधार पर विशेष जोर

जिलाधिकारी ने नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम (NCAP) के अंतर्गत पुलिस अधीक्षक यातायात एवं नगर निगम को संयुक्त रूप से प्रभावी कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यातायात प्रबंधन और वायु प्रदूषण नियंत्रण एक-दूसरे से जुड़े विषय हैं, इसलिए बेहतर ट्रैफिक फ्लो, सुव्यवस्थित पार्किंग, सार्वजनिक सुविधाओं का विस्तार और प्रदूषण नियंत्रण को ध्यान में रखते हुए योजनाओं का क्रियान्वयन किया जाए।

लंबित परियोजनाओं में लाई जाए तेजी

बैठक में इंदिरा मार्केट पुनर्विकास, मंडी शिफ्टिंग, आढ़त बाजार सड़क सुधार, परेड ग्राउंड पार्किंग, रामराय पार्किंग सहित विभिन्न विकास परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि सभी लंबित कार्यों की नियमित समीक्षा करते हुए तय समयसीमा के भीतर उन्हें पूर्ण किया जाए।

उन्होंने कहा कि देहरादून की यातायात व्यवस्था को आधुनिक, व्यवस्थित और जनसुविधा केंद्रित बनाने के लिए सभी विभाग जिम्मेदारी और समन्वय के साथ कार्य करें, ताकि नागरिकों को सुरक्षित, सुगम और बेहतर आवागमन की सुविधा उपलब्ध हो सके।

बैठक में पुलिस अधीक्षक यातायात जितेन्द्र कुमार, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) के.के. मिश्रा, उप जिलाधिकारी सदर अपूर्वा सिंह, संभागीय परिवहन अधिकारी संदीप सैनी, जिला विकास अधिकारी सुनील कुमार तथा एमडीडीए, नगर निगम एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।